नोहर किसान धरना: मूंगफली रिजेक्ट होने पर हंगामा, 58/60

नोहर किसान धरना

🌾 सरकारी खरीद में ‘ड्रामा’ नहीं सहेंगे! नोहर अनाज मंडी में किसानों का प्रदर्शन, अधिकारी घेराव कर धरना शुरू

नोहर (हनुमानगढ़)।

सरकारी खरीद में नमी और काले दानों के बहाने मूंगफली और मूंग को रिजेक्ट किए जाने से आक्रोशित किसानों ने आज अखिल भारतीय किसान सभा के बैनर तले नोहर अनाज मंडी स्थित क्रय-विक्रय सहकारी समिति लिमिटेड के अधिकारियों का घेराव किया और अनिश्चितकालीन धरना शुरू कर दिया।

🚫 तीन दिन में सिर्फ एक किसान की खरीद

किसानों ने आरोप लगाया कि मुख्यमंत्री द्वारा ‘एक-एक दाना खरीदने’ के दावों के बावजूद, सरकारी खरीद महज एक “झूठा ड्रामा” बनकर रह गई है। किसान नेता मंगेज चौधरी ने बताया कि नोहर में 24 नवंबर से मूंगफली और मूंग की सरकारी खरीद शुरू की गई थी, लेकिन तीन दिन गुजर जाने के बाद भी क्रय-विक्रय समिति ने मूंगफली की सिर्फ एक किसान की ही खरीद की है।

💧नमी (मॉइस्चर) और काले दाने बन रहे रोड़ा

किसानों ने बताया कि खरीद केंद्र पर मूंगफली में मॉइस्चर (नमी) की अधिकतम सीमा 8 प्रतिशत रखी गई है, जबकि किसानों की मूंगफली में प्राकृतिक रूप से 12 से 15 प्रतिशत मॉइस्चर आ रहा है, जिसके कारण उनकी उपज को सीधे तौर पर रिजेक्ट किया जा रहा है। यही हाल मूंग की फसल का है, जिसे काले दानों की अधिकता बताकर खरीदा नहीं जा रहा है।

किसान नेता मंगेज चौधरी ने कहा: “सरकार सरकारी खरीद का झूठा ड्रामा कर रही है। एक तरफ मुख्यमंत्री कहते हैं कि किसान का एक-एक दाना खरीदेंगे, दूसरी तरफ किसानों को मंडी में रात बितानी पड़ रही है। यह सरकार किसानों का मज़ाक बना रही है। अब हम आर-पार की लड़ाई लड़ेंगे।”

🔥 फसल जलाने की चेतावनी

विरोध प्रदर्शन में शामिल किसान ओम प्रकाश खीचड़ ने अपनी पीड़ा व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने छह महीने तक अपने बेटे की तरह इस फसल को पाला है, लेकिन अब खरीद नहीं हो रही है। उन्होंने चेतावनी दी, “अगर मेरी सुनवाई नहीं हुई तो मैं अपनी फसल को क्रय-विक्रय समिति कार्यालय के आगे जला दूंगा।”

किसानों ने सुबह ग्यारह बजे से ही क्रय-विक्रय समिति के कार्यालय का घेराव कर दिया था और खबर लिखे जाने तक उनका धरना जारी था। किसानों की मांग है कि सरकारी खरीद के नियमों में तुरंत ढील दी जाए ताकि उनकी पूरी फसल उचित मूल्य पर खरीदी जा सके।

उपस्थिति: इस मौके पर पंचायत समिति सदस्य राजेश डूडी, रामेश्वर खीचड़, राकेश खीचड़, भाला राम स्वामी, रमेश नैन, हेमराज साहू, रामजी लाल कड़वासरा सहित बड़ी संख्या में किसान मौजूद थे।

Umesh Kumar
Author: Umesh Kumar

welcome to Jhalko Bagdi

Picture of Umesh Kumar

Umesh Kumar

Leave a Comment

Leave a Comment

इस पोस्ट से जुड़े हुए हैशटैग्स