प्रियांशी हत्या: शक और जबरदस्ती के रिश्ते ने ली जान, दोपहर में रचा गया कत्ल का पूरा प्लान
प्रियांशी हत्या मामले में नए खुलासों ने सभी को झकझोर दिया है। आरोपी युवक, जो खुद को पति की तरह प्रियांशी पर हक जताता था, बात-बात पर शक करता था और उसकी हर गतिविधि पर नियंत्रण रखने की कोशिश करता था। पुलिस जांच में सामने आया है कि आरोपी ने हत्या के लिए दोपहर का समय इसलिए चुना, क्योंकि उस वक्त आसपास भीड़ कम रहती है और भागने की संभावना ज्यादा रहती है।
जांच अधिकारियों के अनुसार, आरोपी लंबे समय से प्रियांशी पर मानसिक दबाव बना रहा था। वह उसे दोस्तों से मिलने नहीं देता था, फोन चेक करता था और उसके आने-जाने पर भी पाबंदी लगाना चाहता था। पुलिस ने बताया कि दोनों के बीच कई बार विवाद हुए थे, और युवक को डर था कि प्रियांशी उससे दूरी बना लेगी।
हत्या वाले दिन आरोपी ने पहले प्रियांशी से बातचीत की और जब माहौल सामान्य लगा, तभी उसने वारदात को अंजाम दिया। घटना के तुरंत बाद वह फरार हो गया, लेकिन पुलिस ने सक्रियता दिखाते हुए उसे कुछ ही घंटों में दबोच लिया।
जांच में पता चला है कि आरोपी पहले से ही हत्या की प्लानिंग कर रहा था और उसे लगा कि दोपहर उसका सुरक्षित समय होगा।
स्थानीय लोगों और परिजनों में गुस्सा है। परिवार ने कड़े से कड़ा दंड देने की मांग उठाई है।
Author: Umesh Kumar
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