आज गोकुल सेतिया के कांग्रेस पार्टी मे जाने पार्टी प्रतिक्रिया देते हुए युवा इनेलो के जिला प्रधान भगवान कोटली ने कहा कि इससे इनेलो को कोई फर्क नहीं पड़ने वाला है। गोकुल सेतिया के कांग्रेस मे जाने से।
उन्होंने बताया कि 2019 के चुनाव में इनेलो ने गोकुल का समर्थन किया था तभी उनकी टक्कर गोपाल कांडा से हुई थी और वे महज 604 वोटों से हार हुई थी ।
उन्होंने बताया कि इंडियन नेशनल लोकदल का हर कार्यकर्ताओं में हमेशा जोश रहता है इस बार पार्टी हाईकमान जो फैसला करेगी उसको सभी कार्यकर्ता मानेंगे। उन्होंने कहा कि अब पार्टी अपने चिह्न पर प्रत्याशी मैदान में उतार सकती है।
ऐसे में इनेलो प्रत्याशी कांग्रेस, बीजेपी-हलपो को कड़ी टक्कर देने की स्थिति में होगा। क्योंकि सिरसा में इनेलो का जनाधार आज भी बरकरार है। इनेलो ने 2014 में सिरसा सीट से विजय प्राप्त की थी। किसान आंदोलन के समय मे अकेले विधायक अभय सिंह चौटाला ने किसानों के आंदोलन का समर्थन करते हुए विधायक पद से इस्तीफा देकर सबका दिल जीत लिया था। लोग पहले से भी ज्यादा इनेलो के साथ जुड़े है। ओर इस बार इनेलो-बसपा को लाने का मन बना चुके है।
भगवान कोटली ने कहा कि पार्टी जिस भी प्रत्याशी को मैदान में उतारेगी उसको इनेलो का एक-एक कार्यकर्ता जी जान से मदद करेगा और जीताकर विधानसभा में पहुंचाने का काम करेगा।
उन्होंने कहा कि हलपा व बीजेपी के प्रति लोगों की नाराजगी किसी से छुपी नहीं है और कांग्रेस की आपसी फुट ओर कांग्रेस की स्थिति भी अच्छी नहीं है। ऐसे में लोगों के पास किसान हितैषी पार्टी इंडियन नेशनल लोकदल ही एकमात्र बेहतर विकल्प है।



